निर्देश (प्रश्न संख्या 97 से 100 तक) : निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़िए और पूछे गए प्रश्नों के सही विकल्प चुनकर उत्तर-पत्रक में चिह्नित कीजिए।
निर्देश (प्रश्न संख्या 97 से 100 तक) : निम्नलिखित गद्यांश को ध्यानपूर्वक पढ़िए और पूछे गए प्रश्नों के सही विकल्प चुनकर उत्तर-पत्रक में चिह्नित कीजिए।
“आचार्य जी का मिलन मेरे लिए कितना सुखद तथा प्रेरणादायक रहा है। मैं वर्षों से उनके मधुर सान्निध्य में लगातार सीखता रहा हूँ। उनकी ही प्रेरणा से अध्ययनरत रहा। उनकी ही सीख से कर्तव्यपरायणता को गाँठ बाँध लिया। उनकी शिक्षा का पालन जीवन भर करता रहा हूँ। मेरा जीवन सन्मार्गगामी हो गया है। मैं धन्य हो गया हूँ।”
उपर्युक्त गद्यांश का उपयुक्त शीर्षक है
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Correct answer: (B) सीख
Explanation
गद्यांश में आचार्य जी से मिली सीख और प्रेरणा का वर्णन है, इसलिए उपयुक्त शीर्षक 'सीख' है।